Wednesday, August 5, 2009

सर्पदंश से महिला की मृत्यु

राजसमन्द। जिले के दिवेर क्षेत्र के ओडा बरजाल गांव में सर्पदंश से एक महिला की मृत्यु हो गई।
पुलिस के अनुसार बुधवार दिन में ओडा बरजाल गांव निवासी नोजीदेवी (45) पत्नी नंगासिंह रावत मकान के पीछे खेतों में कार्य कर रही थी तभी उसे सांप ने काट लिया जिससे वह अचेत हो गई। परिजनों ने उसे देवगढ़ चिकित्सालय पहुंचाया जहां उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। पुलिस ने पोस्टमार्टम के उपरांत शव परिजनों को सौंप दिया।

ट्रक चालक के खिलाफ अमानत में ख्यानत का मामला

राजसमन्द। समीपवर्ती पसूंद क्षेत्र में करीब 15 दिन पूर्व बिहार के लिए भेजा गया मार्बल गंतव्य तक नहीं पहुंचने पर ट्रक चालक के खिलाफ अमानत में ख्यानत का मामला दर्ज किया गया।
पुलिस के अनुसार कांकरोली निवासी शांतिमल लोढ़ा पुत्र प्रयागमल लोढ़ा ने केलवा थाने में रिपोर्ट दी कि गत 22 जुलाई को उसने अलवर-आसाम रोड लाइंस के जरिए एक ट्रक में आशा मिनरल पसूंद से बिहार के लिए मार्बल पत्थर का लदान करवाया तथा ट्रक चालक इकरामुद्दीन को दस-पन्द्रह हजार रुपए भी दिए। बिहार तक यह माल अधिकतम सात दिन में पहुंच जाना चाहिए था लेकिन अब तक ट्रक चालक ने माल नहीं पहुंचाया। पुलिस ने ट्रक चालक इकरामद्दीन के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।

आरक्षण समयावधि बढाने पर हर्ष

राजसमन्द। राजस्थान भील समाज विकास समिति राजसमन्द के पदाधिकारियाें, कार्यकर्ताओं एवं प्रतिनिधियाें ने अनुसूचित जाति, जनजाति के लिए आरक्षण को दस वर्ष समयावधि और बढाए जाने पर प्रधानमंत्री डॉ मनमोहनसिंह, राष्ट्रीय कांग्रेस अध्यक्ष श्रीमती सोनिया गांधी, मुख्यमंत्री अशोक गहलोत व केन्द्रीय पंचायती राज एवं ग्रामीण विकास मंत्री डॉ सीपी जोशी का आभार एवं शुभकामनाएं व्यक्त की है। महासचिव गुलाबचन्द भील ने बताया कि समयावधि बढाने पर भील समाज में हर्ष की लहर फैल गई है। उन्होने बताया कि आजादी के 60 वर्ष बीत जाने पर भील समाज की आर्थिक स्थिति, सामाजिक, राजनैतिक, प्रशासनिक पदाें पर प्रतिनिधित्व नहीं के बराबर हैं। केवल जाति विशेष का ही हर जगह बोलबाला रहा है। इसलिए प्रशासन ने दस वर्ष के इस आरक्षण की समयावधि बढाने जाने पर भील समाज ने सरकार से मांग की है कि 12 में से 8 प्रतिशत जनसंख्या अनुपात पर भील समाज को आरक्षण दिलाया जावे।

श्रावणी पूर्णिमा उत्सव हर्षोल्लास से मनाया

राजसमन्द। आनन्द मार्ग के साधको ने बुधवार को नन्दवाना समाज नोहरा में श्रावणी पूर्णिमा उत्सव हर्षोल्लास के साथ मनाया। आचार्य शुभ्रा ने योगेश्वर श्रीकृष्ण की महिमा में प्रभात संगीत गाकर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। तीन घंटे तक अखण्ड कीर्तन बाबा नाम केवलम का जाप करके साधक आनन्दमग्न हो गए। साधना के उपरान्त साधकों को सम्बोधित करते हुए आचार्य गोपमयानन्द अवधूत ने कहा कि आज के दिन श्रावणी पूर्णिमा के अवसर पर आनन्द मूर्ति ने कलकत्ता के काशीमित्ता घाट पर गंगा किनारे कालीचरण डकैत को प्रथम दीक्षा देकर उसे कालिकानन्द अवधूत बनाया। उस समय आनन्दमूर्ति की उम्र 18 वर्ष थी एवं वे कलकत्ता कॉलेज के छात्र थे। आनन्दमार्ग मुक्ति प्रधान डॉ विजय कुमार खिलनानी ने कहा कि नियमित रूप से साधना का अभ्यास करने पर ही साधक निष्ठावान, यम-नियम में प्रतिष्ठित, तेजस्वी एवं तत्वदर्शन को समझने वाले तथा दूसरों को तत्वदर्शन समझाने के योग्य बन जाते हैं। यम-नियम के आचरण से ही आदर्श मानवता व्यवहार से प्रकट होती है। हम जो कुछ कहना चाहते हैं उसे पहले स्वयं आचरण कर दिखाएं। इस अवसर पर अवधूतिका आनन्दमधुमया, ब्रजेन्द्रपाल सिंह, रमा नन्दवाना, महेश पटेल, सुबोध मालवीय, डॉ पुष्पा खिलनानी, मधु, चेतन, कौशिकी व कई छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।

नवीन कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण समारोह सात को

राजसमन्द। जैन श्वेताम्बर तेरापंथी सभा कांकरोली की नवीन कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण समारोह सात अगस्त को प्रात: नौ बजे तेरापंथ सभा भवन कांकरोली में साध्वी सोमलता के सान्निध्य एवं न्यायविद बसन्तीलाल बाबेल की अध्यक्षता में आयोजित किया जाएगा। सभा मंत्री प्रकाश सोनी ने बताया कि इसी दिन महिला मंडल की नवीन कार्यकारिणी का शपथग्रहण समारोह भी आयोजित होगा तथा कार्यकारिणी की बैठक आठ अगस्त को रात्रि साढे आठ बजे सभा भवन में आयोजित की जाएगी।

राजसमन्द में रक्तदान शिविर नौ को

राजसमन्द। रक्तदान से बढकर कोई दान नहीं है। रक्तदाताआें द्वारा समय समय पर किए गए रक्तदान से ही देश में प्रतिदिन हजाराें व्यक्तियो की जान बचती है। उक्त विचार भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी जिला शाखा के मानद सचिव राजकुमार दक ने तेरापंथ युवक परिषद के कार्यकर्ताआें के साथ आगामी नौ अगस्त को आयोजित रक्तदान शिविर में रक्तदान प्रेरणा के लिए किए जा रहे जनसम्पर्क के दौरान कहीं। भिक्षु बोधि स्थल परिसर में आयोजित इस शिविर की तैयारियाें के लिए जुटे कार्यकर्ता जगह जगह जनसम्पर्क कर अधिकाधिक लोगाें से रक्तदान का आह्वान कर रहे हैं।
दक ने बताया कि 18 वर्ष से 55 वर्ष की आयु का कोई भी स्वस्थ व्यक्ति तीन माह में एक बार रक्तदान कर सकता है। रक्तदान करते समय कोईँ पीडा नहीं होती है एवं इस प्रक्रिया में मात्र पांच मिनट का समय लगता है। रक्त देने के पश्चात व्यक्ति सामान्य कामकाज कर सकता है। एक बार में मात्र 350 मिली लीटर रक्त ही लिया जाता है जो शरीर के कुल रक्त का पन्द्रहवा भाग होता है। शरीर कुछ ही समय में इस दिए गए रक्त की पूर्ति कर लेता है।
तेयुप अध्यक्ष अनिल दुग्गड ने बताया कि शिविर में आरएनटी मेडिकल कॉलेज उदयपुर की टीम पैथोलोजी विभागाध्यक्ष नरेन्द्र मोगरा एवं राजसमन्द ब्लड बैंक टीम प्रभारी डॉ एससी सोनी के नेतृत्व में रक्तदान कराएगी। शिविर प्रात: दस बजे से दोपहर एक बजे तक चलेगा। जनसम्पर्क अभियान में उत्तम कावडिया, रमेश माण्डोत, विनोद मेहता, अनिल लोढा, भूपेश धोका, मोहित बडोला, भूपेश मेहता, राहुल कावडिया, धर्मेन्द्र बडोला, पंकज मादरेचा, हिम्मत धोका, देवेन्द्र सिंघवी, चेतन कोठारी, महावीर धोका, विजेन्द्र मादरेचा, दिनेश कावडिया, रमेश चोरडिया, जगप्रेमी बडोला, कपिल बडोला, लोकेश मादरेचा, डॉ विमल कावडिया सहित अनेक कार्यकर्ता जुटे हुए हैं।

प्रेम भाव से सजा दी बहनों ने भाई की कलाई पर राखी

राजसमन्द। भाई-बहन के प्रेम का प्रतीक रक्षाबंधन पर्व बुधवार को जिला मुख्यालय सहित आसपास के गांवों में स्नेह और सौहार्द के साथ मनाया गया। वहीं जिला मुख्यालय के मुख्य बाजारों में लोगों की खासी भीड़ रही। राय सरकार द्वारा महिलाओं के लिए निशुल्क यात्रा सुविधा के मद्देनजर बुधवार को रोडवेज बसों में काफी भीड़ रही। राखी के साथ-साथ इस बार बाजारों में जगह-जगह लगी मिठाइयों की स्टॉल पर भी महिला-पुरूषों की खासी भीड़ नजर आई।
जिला मुख्यालय पर बुधवार सुबह नौ बजे से कांकरोली जलचक्की से चौपाटी, नया बाजार, सर्राफा बाजार, मालनिया चौक, रामधुन गली बाजार, राजनगर क्षेत्र के दाणी चबूतरा, पुराना बस स्टेण्ड आदि इलाकों में लगी राखियों, श्रीफल, पूजन सामग्री की स्टॉलों पर महिलाओं, युवतियों एवं बच्चों की खासी भीड़ लगी रही। दोपहर बाद तो नया बाजार एवं रामधुन गली क्षेत्र में खासी भीड क़े चलते पैर रखना भी मुश्किल हो गया था। वहीं स्टॉलों पर तरह-तरह की राखियों की मांग करते बच्चे और उनकी मान मनुहार पूरी करती महिलाओं के दृश्य आम थे। यह क्रम अपराह्न चार बजे तक जारी रहा। इधर सोने-चांदी के आभूषण एवं गिफ्ट की दुकानों पर भी लोगों की काफी भीड़ रही। पुरूष वर्ग अपनी बहनों के लिए आभूषण एवं आकर्षक गिफ्ट की खरीदारी करते नजर आए।
जिला मुख्यालय पर इस बार मिष्ठान व्यवसायियों ने दीपावली की भांति मिठाइयों को दुकान से बाहर साित किया। यहां दिन भर लोगों ने मिठाइयों एवं नमकीन की खरीदारी की। वहीं मुखर्जी चौक, कांकरोली सब्जी मण्डी क्षेत्र में दुकानदार गरम-गरम मालपुए और जलेबी निकालते हुए दिखाई दिए जहां खरीदार हाथों-हाथ खरीदारी करते नजर आए। इधर आसपास के ग्रामीण महिला-पुरूषों का सैलाब कपड़ों की दुकानों एवं राखियों की स्टॉल पर रहा। जिला मुख्यालय के विभिन्न म्यूजिक सेंटरों पर भाई-बहनों से जुडे फ़िल्मी गीत की लय बिखरती रही।
शाम पांच बजे बाद शुभ मुर्हुत में बहनों ने परम्परानुसार भाइयों के ललाट पर कुमकुम का तिलक व अक्षत लगाते हुए कलाई पर राखी बांधी। वहीं भाइयों ने श्रध्दानुसार बहनों को नकद, गिफ्ट एवं कपड़े प्रदान किए। इधर दोपहर में ब्राह्मणों ने परम्परानुसार जनेऊ भी बदला।
राय सरकार द्वारा बुधवार को रक्षा बंधन पर्व पर महिलाओं को निशुल्क यात्रा की घोषणा के चलते महिलाओं में खुशी का पारावार नहीं रहा और उन्होंने बसों में भीड़ होने के बावजूद रोडवेज बस की यात्रा की। गायत्री शक्तिपीठ राजसमंद ने बुधवार को श्रावणी पर्व मनाया। व्यवस्थापक भंवरलाल पालीवाल ने बताया कि बुधवार दिन में राजसमंद नौचौकी पाल पर दसस्नान कर तर्पण की रस्म अदा की। तदोपरांत श्रावणी यज्ञ हुआ।