Thursday, January 31, 2013

पति के खिलाफ करवाया बलात्कार का मामला

राजसमंद। आर्थिक प्रतिस्पर्द्धा के दौर में रूपए कमाने के लिए कतिपय बे-ईमान लोगों द्वारा किस तरह के हथकण्डे उपयोग किए जाते है इसका उदाहरण कानादेव का गुडा निवासी मनोहर सिंह के साथ हुई घटना से मिलता है। इस घटना में न केवल मनोहर सिंह को आर्थिक नुकसान हुआ वरन बे-ईमान पत्नी द्वारा केलवाडा थाने में दर्ज करवाई गई बलात्कार के झूठे मामले से महिला वर्ग के प्रति घृणित भाव रखने लगा है। मनोहर सिंह ने अपने साथ हुई घटना के सम्बन्ध में अदालत में परिवाद प्रस्तुत किया है जिस पर राजनगर थाना पुलिस ने दो जनों के खिलाफ मामला दर्ज कर अनुसंधान शुरू कर दिया है।

फरारा ग्राम पंचायत के कानादेव का गुडा निवासी तथा मुम्बई प्रवासी मनोहर सिंह पुत्र नाथू सिंह खरवड ने अदालत में पेश किए इस्तगासा में उल्लेख किया कि आठ-नौ माह पूर्व बल्ला का गुडा बडगुल्ला निवासी श्रीमती प्रेम कुंवर ने उसे फोन से बात कर अपने पति से परेशान होने की बात कही और शादी करने की इच्छा जाहिर की। इस पर दोनों की रजामंदी के के बाद गत वर्ष 17 जून तथा 23 जून को प्रेम कंवर ने शपथ पत्र पर साथ रहने एवं जीवन बसर करना निष्पादित किया। इसके बाद से वह दोनों पति-पत्नी के तौर पर रह रहे है। इसके बाद 20 जुलाई को प्रेमकंवर के पहले पति विजय सिंह ने उसके व अन्य लोगों के खिलाफ प्रेम कंवर को भगा ले जाने का मामला दर्ज करवाया। इसकी जानकारी होने पर प्रेम कंवर ने समाज में होने वाले नाता विवाह का हवाला देते हुए विजय सिंह को तीन लाख रुपए देने की बात कही।
मनोहर सिंह ने बताया कि इस पर वह अगस्त माह में राजसमंद आया और तीन अगस्त को गवाहों के सामने तीन लाख रुपए विजय सिंह को दिए। उस वक्त यह भी समझौता हुआ कि विजय सिंह थाने में दर्ज करवाया मामला उठा लेगा। इस समझौते के अनुरूप पुलिस थाना राजनगर में प्रेम कंवर ने स्वैच्छा से मनोहर सिंह के साथ जाने की बात कही इस पर राजनगर पुलिस ने उक्त मामले में एफआर लगा दी।
मनोहर सिंह ने बताया कि इसके बाद प्रेम कंवर उसके साथ मुम्बई में रहना शुरू कर दिया लेकिन कुछ समय बाद उसने पुनः अपने पहले पति विजय सिंह से सेलफोन से सम्पर्क करना शुरू कर दिया। उसे कई बार समझाया लेकिन वह नहीं मानी। बताया गया कि गत तीन जनवरी को मुम्बई में कांदीवली निवास स्थान से प्रेम कंवर गायब हो गई। उसकी खोज करते हुए वह छह जनवरी को बल्लो का गुडा पहुंचा जहां प्रेम कंवर मौजूद थी। मनोहर सिंह ने बताया कि उसने प्रेम को साथ चलने को कहा तो उसने आने से इनकार कर दिया। इसके बाद उसने प्रेम से सोने के आभूषण तथा मुम्बई से साथ लाई 15 हजार रुपए देने के लिए कहा तो उसने बल्लो का गुडा से चले जाने के लिए कहा अन्यथा उसके खिलाफ बलात्कार का मामला दर्ज करवाने की बात कही। इस घटना के वक्त मनोहर सिंह के साथ लाल सिंह व दौलत सिंह भी था। पुलिस ने मामला दर्ज कर अनुसंधान शुरू कर दिया है।
मनोहर सिंह ने बताया कि हाल ही में प्रेम कंवर ने केलवाडा थाने में अपहरण कर मुम्बई ले जाने तथा वहां सामूहिक बलात्कार करने तथा एबोर्शन करवाने का झूठा मामला दर्ज करवाया।

Friday, January 18, 2013

मंदबुद्धि मासूम से कुकर्म के बाद की हत्या


राजसमंद, 18 जनवरी। शहर के आरके चिकित्सालय-हाउसिंग बोर्ड क्षेत्र से गुरुवार को एक मंदबुद्धि मासूम बालिका का अपहरण कर उसके साथ कुकर्म करने के बाद देर रात पत्थर से वार कर बेरहमी से हत्या करने का मामला उजागर होने पर शहर में जनाक्रोश छा गया। कांकरोली थाना पुलिस ने देर रात ही कुकर्मी हत्यारे को गिरफ्तार कर लिया था। कुकर्मी हत्यारे युवक को सरेआम फांसी देने की मांग को लेकर राजसमंद शहर के जलचक्की चौराहे पर मृतका का अर्थी पर सजा शव रख आमजन ने धरना देते हुए प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान मासूम मृतका के साथ हुए कुकर्म की जानकारी मिलने पर हर व्यक्ति का दिल भर आया और उसने भी कुकर्मी को फांसी की सजा देने की मांग की। वहीं इस घटना की जानकारी मिलने के बाद राजसमंद व कांकरोली शहर के व्यापारियों ने स्वत: अपने प्रतिष्ठान बंद रखे। शाम साढ़े चार बजे प्रशासनिक समझाईश के उपरांत आमजन कुछ शांत हुए और मृतका के शव को प्रदर्शन स्थल से हटाते हुए अंतिम संस्कार के लिए ले जाया गया। हालांकि दुष्कर्मी के प्रति जनाक्रोश अब तक बरकरार है। इधर देर शाम मृतका के परिजनों को मुख्यमंत्री सहायता कोष से पांच लाख रुपए का चैक दिया गया।
कांकरोली थानाधिकारी के अनुसार हाउसिंग बोर्ड-आरके चिकित्सालय क्षेत्र में सब्जी-फल का ठेला लगाने वाली एक महिला ने गुरुवार रात को पुलिस को सूचना दी कि शाम को उसकी आठ वर्षीय बेटी को बाइक सवार मूलत: गोरखपुर उत्तरप्रदेश निवासी तथा हाल हाउसिंग बोर्ड में रहने वाला मनोज सिंह पुत्र सुरेन्द्र प्रताप सिंह धोइंदा में चॉकलेट दिलाने के बहाने अपने साथ ले गया जो अब तक लेकर नहीं आया। पुलिस के अनुसार मनोज सिंह चोरी के मामले में कुछ दिन पूर्व ही जमानत पर आजाद हुआ तथा उसके अपराधिक रिकार्ड को दृष्टिगत रखते हुए तथा हाल ही में बालिकाओं व युवतियों के साथ हो रही घटनाओं के मद्देनजर रखते हुए मनोज सिंह की तलाश में वृत्ताधिकारी, कांकरोली थानाधिकारी व टीम लग गए। मनोज सिंह के लिए जगह-जगह दबिश दी लेकिन उसका सुराग नहीं लगा। देर रात करीब साढ़े 11 बजे पुलिस टीम कांकरोली बस स्टेण्ड पर घूम रही थी। इसी दोरान कमल तलाई की ओर से मनोज सिंह आता नजर आया। इस पर पुलिस ने उसे धरदबोचा और उससे मासूम बालिका के बारे में पूछताछ की लेकिन वह बालिका के बारे में अनभिज्ञ बनता रहा। पुलिस द्वारा कडाई से पूछताछ करने पर उसने मासूम बालिका के साथ कुकर्म करने के बाद सिर तथा शरीर पर पत्थर से वार कर हत्या करने की बात कबूल की। पुलिस पूछताछ में मनोज सिंह ने मृतका का शव कमल तलाई-धोइंदा मार्ग पर शमशान में पड़े होने की बात कही। जिस पर देर रात करीब तीन बजे पुलिस का दल मौके पर पहुंंचा और शव को कब्जे में लिया और आरके चिकित्सालय के शवगृह में रखवाया।
समाचार मिलने पर फैला जनाक्रोश : सुबह आठ वर्षीय बालिका के साथ कुकर्म के उपरांत पत्थर वार कर हत्या करने की खबर फैलती गई वैसे-वैसे जनाक्रोश बढ़ता गया। मृतका का शव आरके चिकित्सालय के शवगृह में होने की जानकारी मिलने पर शहर के कई जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य लोग मौके पर पहुंचे और मासूम के साथ हुई घटना पर आक्रोश व्यक्त किया। मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों की समझाइश के उपरंात मेडिकल बोर्ड से शव पोस्टमार्टम करवा कर शव परिजनों को सौंपा दिया।
बाद में आमजन व शहर के जनप्रतिनिधियों ने इस घटना को शहर के लिए दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए अर्थी पर सजे शव को लेकर जलचक्की चौराहे पहुंचे और ससम्मान मृतका का शव रखते हुए कुकर्मी युवक को सरेआम फांसी की मांग करते हुए धरना दिया व प्रदर्शन किया।
हजारों की संख्या में जुटे महिला-पुरूष : जलचक्की पर मृतका के शव को लेकर किए जा रहे प्रदर्शन की जानकारी मिलने पर मौके पर कई लोग जमा हो गए। आठ वर्षीय मासूम के साथ हुई घटना पर मौके पर जमा सभी लोगों के दिल भर आए। लोगों ने एक स्वर में हत्यारे को फांसी देने की मांग में अपनी आवाज बुलंद की। धरना स्थल पर भाजपा की राष्ट्रीय महासचिव एवं राजसमंद विधायक श्रीमती किरण माहेश्वरी, नगर परिषद सभापति श्रीमती आशा पालीवाल, नगरपालिका के पूर्व चैयरमेन महेश पालीवाल, पार्षद प्रदीप पालीवाल, अशोक टांक, जयदेव कच्छावा, हिम्मत मेहता, शंकर सचदेव, दिलीप जोशी, बार एसोसिएशन राजसमंद अध्यक्ष प्रजीत तिवारी सहित अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद थे। इधर पुलिस व प्रशासन ने भी एहतियात के तौर जाप्ता तैनात कर रखा था। वहीं विभिन्न थानाधिकारियों व जाप्ता को भी राजसमंद बुलवाया गया। करीब चार से पांच घंटे तक चले धरना प्रदर्शन के उपरांत प्रशासनिक समझाईश के आमजन शांत हुए और मृतका के अंतिम संस्कार को शव ले जाया गया। इधर शाम को प्रशासनिक तौर पर मृतका के परिजनों कों मुख्यमंत्री सहायता कोष से पांच लाख रुपए का चैक सौंपा गया।
मुम्बई भागने की फिराक में था : पुलिस सूत्रों ने बताया कि बीती रात बालिका से कुकर्म व उसकी हत्या करने के उपरांत आरोपी मनोज सिंह देर रात कांकरोली से भाग कर मुम्बई जाने की फिराक में था। इसी को मद्देनजर रखते हुए कमल तलाई से बस स्टेण्ड की ओर आया लेकिन पुलिस पूर्व में ही उसकी तलाश में जुटी हुई थी और उसे देखते ही तत्काल धरदबोचा। पुलिस ने बताया कि कुछ दिनों पूर्व ही मनोज सिंह चोरी के एक मामले में गिरफ्तार हुआ था। दो-तीन दिन पूर्व ही वह जमानत पर आजाद हुआ था। इधर पुलिस निरीक्षक गणेशनाथ ने बताया कि आरोपी मनोज सिंह को मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश करने ले जाया जाकर तीन दिन का रिमाण्ड मांगा गया।
अपराधी को तुरंत सजा मिले  : भारतीय जनता पार्टी ने जिला मुख्यालय पर नाबालिग लड़की के साथ हुए बलात्कार और हत्या की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए कहा की ऐसी घिनोनी हरकत करने वाले को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए। भाजपा जिला अध्यक्ष नन्दलाल सिंघवी, महामंत्री महेश पालीवाल, मीडिया जिला संयोजक मधुप्रकाश ने कहा कि ऐसे कुकृत्य अपराध की पराकाष्ठा है। भाजपा ने सरकार से पूरे मामले में त्वरित कार्यवाही कर फास्ट ट्रेक अदालत के माध्यम से अपराधी को तुरंत सजा दी जाए। 

Thursday, January 10, 2013

सीटी स्केन के लिए अब उदयपुर नहीं जाना पड़ेगा

राजसमंद शहर के आरके अस्पताल में अब गंभीर रोगियों को सीटी स्केन की सुविधा मुहैया हो पाएगी। अस्पताल में सात महीने से बेकार पड़ी इस मशीन को गुरुवार को जिले के प्रभारी व श्रम राज्य मंत्री मांगीलाल गरासिया के हाथों शुरू करवा दिया गया। जिले के सबसे बड़े इस अस्पताल में सरकार की ओर से सात महीने पहले सीटी स्केन मशीन मुहैया करवाई गई थी। लेकिन इसे चलाने के लिए प्रशिक्षित डॉक्टर नहीं होने से मशीन बेकार पड़ी थी। इस कारण गंभीर रोगियों को सीटी स्केन के लिए उदयपुर रेफर करना पड़ रहा था। सीटी स्केन मशीन चालू होने के बाद अब जिले भर में गंभीर घायलों व रोगियों को शहर में ही यह सुविधा मिल पाएगी। इससे समय की बचत के साथ उदयपुर जाने में होने वाले व्यय से भी बचा जा सकेगा।

रोगियों को दिलाएं हर सुविधा : गरासिया

राज्य के श्रम एवं नियोजन तथा जिले के प्रभारी मंत्री मांगीलाल गरासिया ने डॉक्टरों से अस्पताल में आने वाले हर रोगी को बेहतरीन उपचार की सुविधा दिलाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि डॉक्टर को भगवान का दर्जा दिया गया है, लेकिन कुछ जगहों पर रोगियों को पूरी सुविधाएं नहीं मिल पाती है। वे गुरुवार को आरके अस्पताल में सवा करोड़ रुपए की लागत वाली सीटी स्केन यूनिट के शुभारंभ समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सरकार ने इलाज के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं संचालित कर रखी है। डॉक्टरों को चाहिए कि वे रोगियों तक इनका लाभ पहुंचाएं। समारोह में कलेक्टर डॉ. प्रीतम बी. यशवंत ने कहा कि राजसमंद में सीटी स्केन की सुविधा चालू होने के बाद रोगियों को अब उदयपुर रेफर करने के झंझट से निजात मिल सकेगी। उन्होंने डॉक्टरों से अच्छी सेवा की अपील की। शेष त्न पेज १२

शुरुआत में प्रमुख चिकित्साधिकारी डॉ. सीएल डूंगरवाल ने अतिथियों का स्वागत करते हुए अस्पताल की सुविधाओं से अवगत कराया। जिला प्रमुख किशनलाल गमेती, नगर परिषद सभापति आशा पालीवाल, कांग्रेस जिलाध्यक्ष देवकी नंदन गुर्जर, पार्षद प्रदीप पालीवाल, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. तरुण चौधरी, समाजसेवी राजकुमार दक भी मौजूद थे। बाद में श्रम राज्य मंत्री ने चिकित्सालय की डायलिसिस यूनिट का अवलोकन किया। पहले दिन एक रोगी की सीटी स्केन की गई।

यह रहेगा शुल्क : सीटी स्केन मशीन पर पेट संबंधी रोगों की जांच के लिए 2800 रुपए, ब्रेन संबंधी जांच पर 1400 रुपए और शरीर के शेष अंगों की सीटी स्केन करवाने के लिए 900 रुपए लिए जाएंगे। बीपीएल परिवारों के लिए सभी प्रकार सीटी स्केन जांच नि:शुल्क रहेगी। मशीन का संचालन रेडियोग्राफर सतपाल करेंगे जबकि रिपोर्टिंग डॉ. सतीश सिंघल के जिम्मे रहेगी।

संचालन के लिए उदयपुर से प्रशिक्षण लेकर आए डॉक्टर

सीटी स्केन मशीन का संचालन सात महीने से ऑपरेट करने वाले डॉक्टर के अभाव में अटका हुआ था। इसके लिए डॉ. सतीश सिंघल ने उदयपुर के आरएनटी मेडिकल कॉलेज से पंद्रह दिन का प्रशिक्षण प्राप्त किया। वे छह महीने पहले भी प्रशिक्षण ले चुके हैं। बताया गया कि सीटी स्केन में जांच के दौरान आने वाली परेशानी साफ्टवेयर के जरिये हल की जाएगी। गंभीर मामलों में जांच जयपुर के डॉ. रामप्रसाद बंसल को भेजी जाएगी।

पंचायतराज भर्ती में प्लेसमेंट ऐजेंसी कार्मिकों को बोनस अंक देने की मांग

राजसमंद, 10 जनवरी। राजस्थान सूचना तकनीकी कर्मचारी संघ के राजसमन्द शाखा के जिलाध्यक्ष नेमीचन्द पालीवाल ने बताया कि प्लेसमेंट ऐजंसी के मार्फत सर्व शिक्षा अभियान एवं विभिन्न विभागों में कार्यरत कार्मिक पंचायती राज भर्ती में बोनस अंक की मांग को लेकर गुरुवार 10 जनवरी 2013 को सुबह 11 बजे मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के नाम जिला कलक्टर को ज्ञापन दिया गया।
    पालीवाल ने बताया कि इससे पहले कलेक्ट्री परिसर के आरके गार्डन में सभी प्लेसमेंट ऐंजेंसी कार्मिकों की बैठक आयोजित हुई जिसमें राजस्थान सूचना तकनीकी संघ द्वारा बोनस अंक की मांग को लेकर किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी गई। जिलाध्यक्ष पालीवाल ने बताया कि प्लेसमेंट ऐजेंसी कार्मिकों के स्थाईकरण की मांग को लेकर अजमेर से कर्मचारी संघ के प्रदेशाध्यक्ष महेन्द्र सिंह चैधरी के नेतृत्व में यात्रा निकाली गई है जो आगामी दिनों में राजसमंद पहंुंचेगी। बैठक मंे संघ के जिला उपाध्यक्ष रमेश कुमार जीनगर ने सम्बोधित करते हुए कहा कि प्लेसमेंट एजेंसी कार्मिकों को एकजुट होकर भर्तियों में प्राथमिकता एवं बोनस अंक प्राप्त करने के लिए तत्पर रहना होगा। इस अवसर पर संघ के महामंत्री लोकेश आमेटा, कोषाध्यक्ष ताराचंद कुमावत, प्रमोद शर्मा, किशन गमेती, दुर्गालाल गमेती,  महिला मंत्री रेखा कुमावत सहित अन्य पदाधिकारी व सदस्यगण उपस्थित थे।